कथा सेवा एवं संस्थान संस्थापक
आचार्य मनीष जी की जीवन यात्रा, धार्मिक संस्कार और कथा सेवा। (यहाँ 500–700 शब्द की विस्तृत जीवनी जोड़ें।)